“हया के साथ मुझसे कुछ इस तरह पर्दा कर लिया उसने ,

मानो चकोर से शर्मा के चाँद ने बादल ओढ़ लिए हों।।”

मोहब्बत की बाज़ी भी अजीब है प्यारे,

दिल हारना पड़ता है यहाँ, दिल जीतने के लिए ।।

Create your website at WordPress.com
Get started